बवासीर के घरेलू उपचार जानिये और करिए इसे दूर

बवासीर के घरेलू उपचार – Piles Treatment At Home in Hindi

आज की इस भाग-दौड़ भरी जिंदगी में कई लोग बवासीर से पीड़ित हैं | बवासीर का मुख्य कारण अनियमित खानपान शैली और उससे जुडी कब्ज की समस्या है | बवासीर में मलद्वार के आसपास की नसें सूज जाती हैं और कई बार मल के साथ खून भी आने लगता है | वैसे तो  यह दो तरह का होता है – अंदरूनी बवासीर- इसमें सूजन को छुआ नहीं जा सकता है लेकिन इसे महसूस किया जा सकता है | और दूसरी बाहरी बवासीर- इसमें सूजन को बाहर से महसूस किया जा सकता है और  इसकी पहचान भी बहुत ही आसान होती है | अगर आपको भी मल त्यागते समय बहुत दर्द होता है या फिर मलद्वार से खून आता है या खुजली होती है तो आपको बवासीर की शकायत है | आइए कुछ घरेलू कारगर उपाय जानते हैं जिनसे आप बवासीर से मुक्ति पा सकते हैं |

 

बवासीर का देसी घरेलू  इलाज

  • रेशेदार चीजें नियमित खाना शुरू कीजिए, इन्हें अपने दैनिक भोजन का एक आवश्यक अंग बना लीजिए |

 

  • हर दिन 8-10 ग्लास पानी जरुर पिएँ |

 

  • खाना समय पर खाएँ |

 

  • रात में 100 gram किशमिश पानी में फूलने के लिए छोड़ दें. और फिर सुबह में जिस पानी में किशमिश को फुलाया है, उसी पानी में किशमिश को मसलकर खाएँ. कुछ दिनों तक लगातार इसका उपयोग करना बवासीर में अत्यंत लाभ करता है |

 

  • 50 gram बड़ी इलायची लीजिए और इसे भून लीजिए. जब यह ठंडी हो जाए, तो इसे अच्छी तरह से पीस लीजिए. और फिर हर दिन सुबह खाली पेट में इसे कुछ दिनों तक नियमित पिएँ. यह आपको बहुत फायदा पहुंचाएगा |

 

  • एक चम्मच मधु में ¼ चम्मच दालचीनी का चूर्ण मिलाकर खाने से फायदा पहुँचता है|

 

  • बवासीर के ऊपर अरंडी का तेल लगाने से राहत मिलती है|

 

  • अगर आपको बवासीर है, तो आपको खट्टे, मिर्ची वाले, मसालेदार और चटपटे खाने से कुछ दिनों के लिए परहेज करना पड़ेगा. जबतक कि आपका बवासीर पूरी तरह से खत्म नहीं हो जाता है|

 

  • डेढ़ से दो लीटर मट्ठा लीजिए और इसमें 50 gram जीरा पाउडर और थोड़ा सा नमक मिला लीजिए. और जब-जब आपको प्यास लगे तो पानी की जगह इस मट्ठे को पिएँ. कुछ दिनों तक ऐसा करने से बवासीर का मस्सा कम हो जाता है |

 

  • आम की गुठली के अंदर के भाग, और जामुन की गुठली के अंदर के भाग को सूखा लें. फिर इन दोनों का चूर बना लें. और फिर इस चूर को एक चम्मच हल्के गर्म पानी या मट्ठे के साथ कुछ दिन तक नियमित पिएँ. यह आपको लाभ पहुंचाएगा |

 

  • फलों के ताजा जूस और सब्जियों के सूप नियमित पिएँ |

 

  • हर दिन सुबह केले का सेवन करें |

 

  • शराब न पिएँ, और चाय था कॉफ़ी का भी कम सेवन करें |

 

  • राजमा, बीन्स, दालें और मटर को अपने दैनिक आहार का हिस्सा बनाएँ |

 

  • हर दिन व्यायाम करें |

 

  • रात में खजूर को फूला लें. और सुबह फूला हुआ खजूर खाएँ | यह पेट को ठीक रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है |

 

  • निम्बू, सेव, संतरा, और दही इत्यादि का सेवन करें |